* आज का पञ्चाङ्ग~
*दिनांक – 11 अगस्त 2026*
*दिन – मंगलवार*
*विक्रम संवत् – 2083*
*शक संवत – 1948*
*कलि युगाब्द – 5128*
*अयन – दक्षिणायण*
*ऋतु – वर्षा*
*मास – श्रावण*
*पक्ष – कृष्ण*
*तिथि – चतुर्दशी मध्यरात्रि 01:52 तक तत्पश्चात् अमावस्या*
*नक्षत्र - पुनर्वसु सुबह 10:09 तक तत्पश्चात् पुष्य*
*योग – सिद्धि शाम 06:51 तक तत्पश्चात् व्यतीपात*
*राहुकाल – दोपहर 03:00 से शाम 04:30 तक*
*सूर्योदय – 05:29*
*सूर्यास्त – 06:31*
स्थानीय समयानुसार राहुकाल सूर्यास्त सूर्योदय समय में अंतर सम्भव है।
*दिशा शूल – उत्तर दिशा में*
*अग्निवास*
29+03+01=33÷4=01 स्वर्ग लोक में।
*शिववास*
29+29+5=63÷7 =00 श्मशान वासे।
व्रत पर्व विवरण – मासिक शिवरात्रि, द्वितीय मंगला गौरी व्रत, व्यतीपात योग (शाम 06:51 से दोपहर 03:26 अगस्त 12 तक)
विशेष – चतुर्दशी को स्त्री-सहवास तथा तिल का तेल खाना और लगाना निषिद्ध है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंड: 27.29-34)
11 अगस्त के दुर्लभ महायोग पर चूकें नहीं! शिवलिंग पर 1 बेलपत्र का करें यह गुप्त उपाय, धन-धान्य बढ़ता ही रहेगा
*नकारात्मक ऊर्जा मिटाने के लिए*
12 अगस्त 2026 बुधवार को दर्श अमावस्या, श्रावण अमावस्या और हरियाली अमावस्या है।
घर में हर अमावस अथवा हर १५ दिन में पानी में खड़ा नमक (१ लीटर पानी में ५० ग्राम खड़ा नमक) डालकर पोछा लगायें । इससे नेगेटिव एनेर्जी चली जाएगी । अथवा खड़ा नमक के स्थान पर गौझरण अर्क भी डाल सकते हैं ।
*अमावस्या*
अमावस्या के दिन जो वृक्ष, लता आदि को काटता है अथवा उनका एक पत्ता भी तोड़ता है, उसे ब्रह्महत्या का पाप लगता है (विष्णु पुराण)
*धन-धान्य व सुख-संम्पदा के लिए*
हर अमावस्या को घर में एक छोटा सा आहुति प्रयोग करें।
सामग्री : १. काले तिल, २. जौं, ३. चावल, ४. गाय का घी, ५. चंदन पाउडर, ६. गूगल, ७. गुड़, ८. देशी कर्पूर, गौ चंदन या कण्डा।
विधि: गौ चंदन या कण्डे को किसी बर्तन में डालकर हवनकुंड बना लें, फिर उपरोक्त ८ वस्तुओं के मिश्रण से तैयार सामग्री से, घर के सभी सदस्य एकत्रित होकर नीचे दिये गये देवताओं की १-१ आहुति दें।
*आहुति मंत्र*
*१. ॐ कुल देवताभ्यो नमः*
*२. ॐ ग्राम देवताभ्यो नमः*
*३. ॐ ग्रह देवताभ्यो नमः*
*४. ॐ लक्ष्मीपति देवताभ्यो नमः*
*५. ॐ विघ्नविनाशक देवताभ्यो नमः*
*पंचक*
27 अगस्त 2026 दिन गुरुवार दोपहर 01:35 बजे से 31 अगस्त 2026 दिन सोमवार रात्रि 03:24 बजे तक।
*एकादशी*
23 अगस्त 2026 दिन रविवार पुत्रदा एकादशी।
*प्रदोष व्रत*
11 अगस्त 2026 दिन मंगलवार मासिक शिवरात्रि।
25 अगस्त 2026 दिन मंगलवार प्रदोष व्रत।
*पूर्णिमा*
27 अगस्त 2026 दिन गुरुवार व्रत पूर्णिमा।
28 अगस्त 2026 दिन शुक्रवार स्नान दान पूर्णिमा। रक्षा बंधन।
*अमावस्या*
12 अगस्त 2026 दिन बुधवार देव पितृ कार्य हरियाली अमावस्या।
*पंo वेदान्त अवस्थी*




