*~आज के पञ्चाङ्ग ~*
*दिनांक – 15 दिसम्बर 2025*
*दिन – सोमवार*
*संवत्सर – सिद्धार्थ*
*विक्रम संवत 2082*
*शक संवत -1947*
*कलि युगाब्द _ 5127*
*अयन – दक्षिणायन*
*ऋतु – हेमंत ॠतु*
*मास – पौष मार्गशीर्ष*
*पक्ष – कृष्ण*
*तिथि – एकादशी रात्रि 09:19 तक तत्पश्चात द्वादशी*
*नक्षत्र – चित्रा सुबह 11:08 तक तत्पश्चात स्वाती*
*योग – शोभन दोपहर 12:30 तक तत्पश्चात अतिगण्ड*
*राहुकाल – सुबह 07:30 से सुबह 09:00 तक*
*सूर्योदय – 06:47*
*सूर्यास्त – 05:13*
स्थानीय समयानुसार राहुकाल सूर्यास्त सूर्योदय समय में अंतर सम्भव है।
*दिशाशूल – पूर्व दिशा मे*
*अग्निवास*
26+02+01=29÷4=01 स्वर्ग लोक में।
*शिववास*
26+26+5=57÷7 =01 कैलाश वासे।
*व्रत पर्व विवरण- सफला एकादशी*
विशेष – हर एकादशी को श्री विष्णु सहस्रनाम का पाठ करने से घर में सुख शांति बनी रहती है l *राम रामेति रामेति । रमे रामे मनोरमे ।। सहस्त्र नाम त तुल्यं । राम नाम वरानने ।।*
आज एकादशी के दिन इस मंत्र के पाठ से विष्णु सहस्रनाम के जप के समान पुण्य प्राप्त होता है l
एकादशी के दिन बाल नहीं कटवाने चाहिए।
एकादशी को चावल व साबूदाना खाना वर्जित है | एकादशी को शिम्बी (सेम) ना खाएं अन्यथा पुत्र का नाश होता है।
जो दोनों पक्षों की एकादशियों को आँवले के रस का प्रयोग कर स्नान करते हैं, उनके पाप नष्ट हो जाते हैं।
*सफला एकादशी*
14 दिसम्बर 2025 रविवार को शाम 06:49 से 15 दिसम्बर, सोमवार को रात्रि 09:19 तक एकादशी है।
विशेष – 15 दिसम्बर, सोमवार को एकादशी का व्रत उपवास रखें ।
सफला एकादशी ( व्रत से सभी कार्य सफल होते हैं | यह सुख, भोग और मोक्ष देनेवाली है | इस रात को जागरण करने से हजारों वर्षों की तपस्या करने से भी अधिक फल मिलता है |)
*षडशीति संक्रान्ती*
16 दिसम्बर 2025 मंगलवार को षडशीति संक्रान्ती है ।
पुण्यकाल : सूर्योदय से दोपहर 12:23 तक… जप,तप,ध्यान और सेवा का पूण्य 86000 गुना है !!!
इस दिन करोड़ काम छोड़कर अधिक से अधिक समय जप – ध्यान, प्रार्थना में लगायें।
षडशीति संक्रांति में किये गए जप ध्यान का फल ८६००० गुना होता है – (पद्म पुराण )
*विघ्न-बाधाएँ दूर करने हेतु मंत्र*
अगर साधना में विध्न आते हों तो ‘ॐ नमो सर्वार्थसाधिनि स्वाहा |’ इस मंत्र का जप करके हाथ में जल ले के अपने आसन के चारों ओर छोड़ते हुए घेरा बना लें |
बस, विघ्न गये और प्रभु का आनंद और प्रभु के दीवाने रहे !
*विशेष*
15 दिसम्बर 2025 दिन सोमवार धनु राशि सूर्य खरमास प्रारंभ , पूर्व दिशायाम शुक्रास्त।
*पंचक*
24 दिसम्बर 2025 दिन बुधवार शाम 07:46 बजे से 29 दिसम्बर 2025 दिन सोमवार सुबह 07:41 बजे तक।
*एकादशी*
15 दिसम्बर 2025 दिन सोमवार सफला एकादशी व्रत सर्वे।
30 दिसम्बर 2025 दिन मंगलवार पुत्रदा एकादशी व्रत स्मार्त ( गृहस्थ)।
31 दिसम्बर 2025 दिन बुधवार दिन बुधवार पुत्रदा एकादशी व्रत वैष्णव।
*प्रदोष व्रत*
17 दिसम्बर 2025 दिन बुधवार प्रदोष व्रत।
18 दिसम्बर 2025 दिन गुरुवार मासिक शिवरात्रि।
01 जनवरी 2026 दिन गुरुवार प्रदोष व्रत।
*पूर्णिमा*
02 जनवरी 2026 दिन शुक्रवार वृत पूर्णिमा।
03 जनवरी 2026 दिन शनिवार स्नान दान पूर्णिमा।
*अमावस्या*
19 दिसम्बर 2025 दिन शुक्रवार देवपित्रकार्य अमावस्या।
*पंo वेदान्त अवस्थी



